1. कामकाजी हिंदी भाषा के प्रयोग पर खुली चर्चा(30-08-2024)

 प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा की ओर से बीए  तथा बीएड  के विद्यार्थियों के मध्य कामकाजी हिंदी भाषा के प्रयोग के ऊपर खुली चर्चा करवाई गई।प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा की ओर से बीए  तथा बीएड  के विद्यार्थियों के लिए "खुली चर्चा" करवाई गई जिसका विषय था "कामकाजी हिंदी भाषा का प्रयोग" । इस प्रतियोगिता में  लगभग 60 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों द्वारा "काम काजी हिंदी भाषा का प्रयोग" राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राजकीय प्रशासकीय प्रयोग  किए जाने वाले तथ्यों पर प्रकाश  डाला गया। ज्यादा से ज्यादा कार्य हिंदी भाषा में करने के लिए विद्यार्थियों को प्रेरित किया गया।

2.हिंदी दिवस पर मौलिक लेखन प्रतियोगिता (14-09-2024)

प्रेम चंद मारकंडा एस  डी कॉलेज फॉरवुमन  ,जालंधर में हिंदी दिवस पर मौलिक लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।

मातृभाषा ,राजभाषा एवं राष्ट्रभाषा हिंदी के महत्वपूर्ण दिवस पर कालेज की हिन्दी साहित्य धारा द्वारा  मौलिक लेखन प्रतियोगिता करवाई गई ।कॉलेज के बी ए तथा बीए.बी एड के 60 छात्राओं ने इसमें उत्साह पूर्वक भाग लिया। पी सी एम एस डी कॉलेजिएट में भी छात्राओं द्वारा हिंदी दिवस के उपलक्ष्य पर पोस्टर भी बनाए गए। कॉलेज प्राचार्य डा. पूजा पराशर ने छात्राओं को हिंदी का महत्व बताते हुए हिंदी के प्रति  अपना समर्पण देने के लिए प्रोत्साहित किया

 3.पत्र वाचन प्रतियोगिता (27-09-2024)

प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों के लिए पत्र वाचन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया

प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों के लिए पत्र वाचन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें विद्यार्थियों को हिंदी पत्रिका का शुद्धता से वाचन करवाया गया। विद्यार्थियों ने हिंदी भाषा में पत्रिका का वाचन बड़े ही अच्छे तरीके से क्या गया । इस प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने हिंदी शब्दों का वाचन बड़े ही मधुर स्वर के साथ किया गया। विद्यार्थियों की वाक्य उच्चता बड़े ही रुचि के साथ किया व उनके वाक्य उच्चारित शब्दों को सुधार भी गया। सभी विद्यार्थियों ने बड़े ही दिलचस्पी के साथ इस प्रतियोगिता में भागीदारी दी। विद्यार्थियों का जोश व उत्साह देखने लायक था।

4.स्लोगन लेखन प्रतियोगिता  ( 4-10-2024)


प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों के लिए स्लोगन लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया

प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों के लिए अक्टूबर उपलक्ष्य पर स्लोगन लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें विद्यार्थियों ने लाल बहादुर शास्त्री जी  के भारत आजादी में क्या योगदान रहा उस उपलक्ष्य को स्लोगन के रूप में प्रगट किया गया । लाल बहादुर शास्त्री जी द्वारा दिया गया नारा "जय जवान जय किसान "को  लिख कर प्रस्तुत किया गया। इसी के साथ विद्यार्थियों की कलाकृति भी देखने को मिली। विद्यार्थियों ने  बड़े ही सुंदर ढंग से पोस्टर के ऊपर स्लोगन को बेहद ही सुंदर व कलात्मक तरीके से लिख कर प्रस्तुत किया। सभी विद्यार्थियों ने बड़े ही दिलचस्पी के साथ इस प्रतियोगिता में भागीदारी दी। विद्यार्थियों का जोश व उत्साह देखने लायक था।

5. लाइब्रेरी यात्रा ( 20-12-2024)

 प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों को लाइब्रेरी की यात्रा करवाई गई

प्रेम चंद मारकण्डा एस डी कॉलेज फॉर वूमेनजालंधर में बी ए एवं बीए बीएड विद्यार्थियों को लाइब्रेरी की यात्रा करवाई गई जिसमें विद्यार्थियों को हिंदी साहित्य से संबंधित पुस्तकों को निरीक्षण कर पड़ने के लिए दिया गया। विद्यार्थियों ने बड़ी ही रुचिका के साथ पुस्तकों को पढ़ा  और हिंदी साहित्य के ऊपर विचार विमर्श किया। विद्यार्थियों को हिंदी साहित्य की विशेषता का पता चला ओर हिंदी विषय से संबंधित कई सारी महत्वपूर्ण जानकारियों का पता चला। जिससे विद्यार्थी अपना भविष्य निर्मित कर सकते है।

 6.निर्मला उपन्यास सामाजिक व्यंग्य पर चर्चा ( 31-01-2025)


प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा की ओर से बीए  तथा बीएड  के विद्यार्थियों के मध्य मुंशी प्रेमचंद निर्मित उपन्यास निर्मला के ऊपर समाजिक चर्चा करवाई गई।

प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा की ओर से बीए  तथा बीएड  के विद्यार्थियों के लिए "सामाजिक चर्चा " करवाई गई जिसका विषय था "निर्मला उपन्यास " । इस समाजिक चर्चा  में  लगभग 30 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों द्वारा "निर्मला उपन्यास "में लड़का एवं लड़की के भेदभाव  व दहेज के नाम पर लड़कों की प्राथमिकता  एवं समाज में निर्मला जैसी कितनी लड़कियों के सपनों को मार दिया जाता है तथा समाज में नारी के उच्चन्यीय स्तर को बढ़ाने वाले तथ्यों पर प्रकाश  डाला गया। साथ ही लड़कियों के अधिकारों के बारे में भी बताया गया।

 7. दो दिवसीय हिंदी टंकण प्रशिक्षण का आयोजन (14-15-02-2025) 

 

प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा की ओर से दो दिवसीय" हिंदी टंकण प्रशिक्षण का आयोजन

प्रेम चंद मारकंडा एसडी कॉलेज फॉर वूमेन में हिंदी साहित्य धारा तथा आई आई सी की सहभागिता से बीए  तथा बीएड  के विद्यार्थियों के लिए दो दिवसीय" हिंदी टंकण प्रशिक्षण का आयोजन किय गया। इस प्रशिक्षण में  लगभग 40 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थी हिंदी  टाइपिंग के माध्यम से स्वयं रोजगार स्थापित कर सकते है और कृतिदेव फान्ट के माध्यम से वह हिंदी की टाइपिंग बड़ी आसानी से कर सकते है। विद्यार्थियो की रुचि  व उत्साह इस प्रशिक्षण के प्रति देखने को मिला क्योंकि पढ़ाई के साथ साथ यह आय का साधन भी है और अपनी भाषा के प्रति समर्पित होने के कारण हिंदी टंकण सिखलाई आत्मनिर्भरता की भावना के साथ-साथ आत्म विश्वास की भावना भी विकसित करती है 

8.⁠अतिथि व्याख्यान का आयोजन ( 8-03-2025)

पी.सी.एम.एस.डी. कॉलेज फॉर विमेन के हिंदीविभाग ने कॉलेज की एनसीसी इकाई के सहयोग से महारानी अहिल्याबाई होल्कर - एक दूरदर्शी सुधारक और महिला शिक्षा की पथप्रदर्शक विषय पर अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया। इस सत्र में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के क्षेत्रीय समरसता प्रभारी प्रमोद कुमार जी ने भाग लियाजिन्होंने शिक्षाशासन और सामाजिक सुधार में महारानी अहिल्याबाई होल्कर के उल्लेखनीय योगदान पर एक ज्ञानवर्धक व्याख्यान दिया। हिंदी विभाग की प्रमुख डॉ. नीना मित्तल और एनसीसी प्रभारी कैप्टन प्रिया महाजन ने अतिथि का स्वागत किया। महारानी अहिल्याबाई होल्कर समावेशी शिक्षानैतिक नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण को बढ़ावा देने में अग्रणी थीं। व्याख्यान में इस बात पर जोर दिया गया कि होलकर का योगदान राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 और भारतीय ज्ञान प्रणाली (आईकेएस) के सिद्धांतों के साथ कैसे सरेखित है। संस्कृत विद्वानों और पारंपरिक शिक्षा के प्रति उनका संरक्षण आईकेएस सिद्धांतों को दर्शाता है जिसे एनईपी पुनर्जीवित करना चाहता हैयह सुनिश्चित करता है कि स्वदेशी ज्ञान प्रणाली भारत के शैक्षणिक परिदृश्य के लिए केंद्रीय बनी रहे।

9.राष्ट्रीय वेबिनार का आयोजन  (18-03-2025)


प्रेमचंद मारकंडा  एस डी कालेज फ़ार वुमन,जालंधर के हिन्दी विभाग ने करवाया राष्ट्रीय वैबिनार

पी सी एम एस डी  कालेज फ़ार वुमनजालंधर के हिन्दी विभाग द्वारा राष्ट्रीय वैबिनार का आयोजन किया गया जिसके संसाधन व्यक्ति के रूप में डा. पान सिंह  आमन्त्रित थे। डा. पान सिंह हिंदी विभाग हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय  शिमला  के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं। उनके वक्तव्य का विषय हिंदी साहित्य का वैश्विक परिदृश्य था। डा. पान सिंह ने हिन्दी विषय की महत्ता को मुख्य रखते हुए विद्यार्थियों को हिंदी के माध्यम से वह भविष्य निर्मित कर सकते है। डॉ. पान सिंह ने हिंदी को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सीख कर जीवन यापन करने के बारे में जानकारी दी। उन्होंने अपने व्याख्यान में हिंदी को अंग्रेजी की ही तरह सीखने व पड़ने पर ध्यान केंद्रित  करते हुए बताया कि हिंदी सिर्फ राष्ट्रीय स्तर पर नहीं पढ़ाई जा रही बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वैश्विक रूप धारण कर रही है और विदेशों में एक विषय हिंदी को भी सम्मिलित किया गया है। डॉ . पान सिंह ने बताया के हिंदी वैश्विक स्तर पर अंग्रेजी भाषा से ज्यादा बोली जाने वाली भाषा है और यह प्राथमिक स्तर पर स्थापित हो चुकी है।अंत मेंडा.श्रीमती नीना मित्तल ने संसाधन व्यक्ति और प्रतिभागियों को धन्यवाद दिया।








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